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प्रशासन या टाइम मशीन? जळगाव तहसील का ‘अजब’ कारनामा; आदेश 2026 का, और जांच 2025 में ही पूरी!

जळगाव तहसील का 'फ्यूचरिस्टिक' तमाशा: काम इतना 'अप-टू-डेट' कि 2026 का आदेश आज ही जारी!

जळगाव:
अगर आप समझते हैं कि सरकारी काम कछुए की चाल चलता है, तो जळगाव की तहसीलदार डॉ. शीतल राजपूत ने इस धारणा को ही बदल दिया है। उन्होंने ‘सुपरफास्ट’ होने के चक्कर में वक्त को ही पीछे छोड़ दिया! तहसीलदार साहिबा ने एक ऐसा ‘जादुई’ आदेश निकाला है, जिसने पूरे महाराष्ट्र के प्रशासनिक गलियारे में हंसी का ठहाका लगा दिया है।
​क्या है ‘फ्यूचरिस्टिक’ झोल?
मामला एक जांच (Inquiry) से जुड़ा है। तहसीलदार डॉ. शीतल राजपूत ने एक आदेश पर 10 मार्च 2026 को हस्ताक्षर किए। लेकिन, इस सरकारी चिट्ठी में ट्विस्ट ऐसा था कि सिर घूम जाए:
आदेश की तारीख: 10 मार्च 2026
हाजिर होने की तारीख: 12 मार्च 2025
    ​जी हां! तहसीलदार साहब चाहती हैं कि संबंधित व्यक्ति एक साल पीछे भूतकाल (Past) में जाए और अपनी हाजिरी लगाए। यह ईमेल जब 13 मार्च 2026 को उस व्यक्ति को मिला, तो वह भी सोच में पड़ गया कि ‘भाई, मैं इंसान हूँ या शक्तिमान?’
​”साहब! मुझे टाइम मशीन दिला दो”   ​
तहसीलदार के इस ‘अजब’ आदेश को उसी के अंदाज में जवाब देने के लिए संबंधित व्यक्ति सीधे जिला कलेक्टर रोहन घुगे के पास पहुंच गया। व्यक्ति ने एक आवेदन दिया है जिसमें लिखा है:
​”चूंकि तहसीलदार साहब ने मुझे 2025 में पीछे जाकर जांच के लिए उपस्थित रहने का आदेश दिया है, इसलिए प्रशासन मुझे तुरंत एक ‘टाइम मशीन’ उपलब्ध कराए ताकि मैं पिछले साल में जाकर अपनी हाजिरी दर्ज करा सकूं!”
​सिर्फ ‘साइन’ का धंधा, अक्ल का अंधा?
     यह मामला साफ दिखाता है कि सरकारी दफ्तरों में बड़े अधिकारी बिना कागज पढ़े, बिना तारीख देखे बस ‘पेन’ चलाने में व्यस्त हैं। 2026 में बैठकर 2025 का आदेश निकालना लापरवाही का ऐसा ‘कीर्तिमान’ है जिसने जळगाव तहसील की नाक कटवा दी है। अधिकारियों के इस ‘स्मार्ट’ काम की वजह से आम जनता को जो मानसिक परेशानी होती है, उसका हिसाब कौन देगा?
​सोशल मीडिया पर चर्चा: ‘साहब, अगले साल का बजट भी बता दो!’
​जळगाव जिले में यह अपनी तरह का पहला ‘प्रयोग’ है जहां किसी को भूतकाल में भेजने की कोशिश की गई है। अब लोग सोशल मीडिया पर मजे ले रहे हैं:
​”इस तहसीलदार को तो नासा (NASA) में होना चाहिए था, जळगाव में क्या कर रही हैं?”
​”प्रशासन का अपडेट वर्जन: कल का काम आज, और आज का काम पिछले साल!”
​देखना दिलचस्प होगा कि कलेक्टर साहब अब ‘टाइम मशीन’ ढूंढ कर लाते हैं या इस ‘भविष्य’ में जीने वाली तहसीलदार पर कोई एक्शन लेते हैं।

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